जयपुर, 8 सितम्बर। राजस्थान के सहकारिता मंत्री श्री अजय सिंह किलक ने कहा है कि राज्य सरकार ने पिछले साढ़े तीन वषोर्ं में मुख्यमंत्री श्रीमती वसुंधरा राजे के नेतृत्व में किसानों के हित मे कई प्रगतिशील कदम उठाते हुए देश भर में अग्रणी प्रदेश होने का गौरव हासिल किया है तथा कृषकों को 57 हजार करोड़ रुपये के ब्याज मुक्त फसली ऋण उपलब्ध करवाये है। जबकि पिछली सरकार ने अपने कार्यकाल के पांच वषोर्ं में मात्र 25 हजार करोड़ रुपये के ऋण ही दिए थे।
उन्होंने बताया कि हमारी सरकार अपने पांच वषोर्ं के कार्यकाल में किसानों को दिए जा रहे फसली ऋण की राशि को करीब 80 हजार करोड़ रु.तक पहुचाने के लक्ष्य पर काम कर रही है।
श्री किलक ने शुक्रवार को नई दिल्ली में केंद्रीय खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण राज्य मंत्री श्री सी आर चौधरी से मुलाकात के बाद बताया कि इस वर्ष खरीब फसलों के दौरान प्रदेश के 21 लाख किसानों को नो हजार करोड़ के ऋण मुहैया करवाये गए। साथ ही रबी फसलों के लिए भी 6 हजार करोड़ के ऋण दिए जायेंगे।
’अगले वर्ष से 25 लाख कृषक परिवारो के साथ उनकी पत्नियों के लिए भी सहकारी व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा योजना’श्री किलक ने बताया कि अगले वर्ष से प्रदेश के 25 लाख कृषको साथ उनकी पत्नियों के लिए भी राजस्थान सहकारी व्यक्तिगत दुर्धटना बीमा योजना लागू की जायेगी। जिससे कृषक परिवारों के कुल 50 लाख लोग लाभान्वित होंगे।
उन्होंने बताया कि राज्य में वर्ष 2014-15 से चलाई जा रही इस योजना के अंतर्गत 55 रु. की वार्षिक किश्त में से किसानों की आधी किश्त 27.50 रु.प्रदेश की सहकारी बेंको को राज्य सरकार द्वारा दी जा रही है।
इस योजना के तहत किसी कृषक की मृत्यु होने पर उनके नामित आश्रित को 6 लाख रुपये का बीमा लाभ मिलता है। इसी प्रकार अंग भंग होने पर भी बीमा लाभ का प्रावधान है।
श्री किलक ने बताया कि राज्य में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना भी लागू की जा रही है। साथ ही व्यक्तिगत दुर्धटना बीमा योजना के लागू होने से किसानों को दोहरा लाभ मिल रहा है।
